Kamal Haasan ने अमेरिकी राष्ट्रपति को लिखा खुला खत, ‘हम किसी देश से आदेश नहीं लेते… अपने काम से काम रखिए!’

Kamal Haasan open letter to POTUS. Photo- X

मुंबई। Kamal Haasan’s Open Letter to POTUS: देश के राजनीतिक गलियारों और सोशल मीडिया में इस वक्त यह बहस जोरों पर है- क्या अमेरिका भारत को अपनी मर्जी के हिसाब से चलाना चाहता है? पिछले कुछ दिनों में तेल की खरीद को लेकर भारत के प्रति अमेरिका का जो रवैया सामने आया है, उसने इस बहस को हवा दी है।

अमेरिकी प्रेसीडेंट के नाम कमल हासन का पैगाम

इस पर राजनीति तो गर्म है ही, अब भारतीय सिनेमा के वेटरन एक्टर और राज्य सभा सांसद कमल हासन ने एक्स पर खुला खत लिखकर अमेरिका के राष्ट्रपति को लताड़ लगाई है। शनिवार को एक्स पर लिखी पोस्ट में अमेरिकी प्रेसीडेंट को संबोधित करते हुए कमल ने लिखा-

प्रिय मिस्टर प्रेसीडेंट, 

हम, भारत के लोग, एक आजाद और संप्रभु राष्ट्र में रहते हैं। हम अब किसी दूर बैठे विदेशी मुल्क से आदेश नहीं लेते। कृपया, अपनी योग्तानुसार अपने काम से काम रखिए। दो संप्रभु राष्ट्रों के बीच एक-दूसरे के प्रति सम्मान वैश्विक शांति का आधार है। हम आपके देश और लोगों के लिए शांति और समृद्धि की कामना करते हैं।

कमल ने अंत में खुद को एक प्राउड इंडियन और मक्कल नीधी मइअम (एमएनएम) का फाउंडर लिखा है।

मोदी सरकार की चुप्पी पर विपक्ष के सवाल

अमेरिकी सरकार द्वारा भारत पर लगाये गये टैरिफ का मुद्दा काफी वक्त से देश के सियासी गलियारों में गूंज रहा है। मोदी सरकार की इसके लिए काफी आलोचना भी हो रही है कि कैसे अमेरिका निरंतर अपनी मनमर्जी हम पर थोप रहा है, मगर सरकार कोई जवाब नहीं दे रही।

इस मामले को हवा तब मिली, जब ईरान-इजरायल युद्ध के मद्देनजर अमेरिका की ओर से यह कहा गया कि वो हालात के मद्देनजर भारत को रूस से तेल खरीदने के लिए एक महीने के लिए टैरिफ में छूट की अनुमति देता है। गौरतलब है कि भारत और अमेरिका के बीच हाल ही में हुए व्यापार समझौते के तहत अमेरिका ने यह शर्त रखी है कि अगर भारत ने रूस से तेल खरीदा तो वो टैरिफ बढ़ा देगा।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प भारत को लेकर लगातार ऐसी बयानबाजी करते रहे हैं, जिससे ऐसा आभास होता है, मानो भारत अमेरिका का कहा मानने के लिए मजबूर है। इस मामले में सरकार की चुप्पी पर भी विपक्षी दलों द्वारा सवाल उठाये जा रहे हैं और मामला लगातार चर्चा में बना है।